चरथावल (मुजफ्फरनगर)। चरथावल क्षेत्र में अस्पतालों और चिकित्सा प्रतिष्ठानों की जांच को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। सीएमओ डॉ. सुनील तेवतिया के निर्देश पर एसीएमओ डॉ. महक सिंह के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग की टीम चरथावल पहुंची और विभिन्न अस्पतालों व क्लीनिकों का निरीक्षण किया।
कार्रवाई के दौरान सिटी मेडिकेयर सेंटर के ऑपरेशन थिएटर (OT), मेरठ चाइल्ड क्लिनिक और आलम चाइल्ड केयर सेंटर को सील किया गया। स्वास्थ्य विभाग की टीम के पहुंचने की सूचना मिलते ही क्षेत्र में कई अस्पताल और चिकित्सा प्रतिष्ठान बंद पाए गए।
अचानक पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने चरथावल में संचालित अस्पतालों और क्लीनिकों के पंजीकरण, चिकित्सकीय सुविधाओं और आवश्यक दस्तावेजों की जांच की।
टीम के अचानक पहुंचने से क्षेत्र में हड़कंप की स्थिति बन गई। निरीक्षण के दौरान कई चिकित्सा प्रतिष्ठान बंद मिले, जिसके चलते वहां तत्काल जांच नहीं हो सकी।
सिटी मेडिकेयर सेंटर के OT पर लगी सील
जांच के दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सिटी मेडिकेयर सेंटर के ऑपरेशन थिएटर को सील कर दिया। टीम ने अस्पताल से संबंधित दस्तावेजों और चिकित्सा सुविधाओं की भी पड़ताल की।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से की गई इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में अस्पतालों के संचालन और निर्धारित स्वास्थ्य मानकों के अनुपालन को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
मेरठ चाइल्ड क्लिनिक और आलम चाइल्ड केयर सेंटर भी सील
टीम ने चरथावल में संचालित मेरठ चाइल्ड क्लिनिक और आलम चाइल्ड केयर सेंटर के खिलाफ भी कार्रवाई करते हुए उन्हें सील कर दिया।
स्वास्थ्य विभाग अब इन चिकित्सा प्रतिष्ठानों से संबंधित पंजीकरण एवं अन्य आवश्यक दस्तावेजों की जांच कर आगे की कार्रवाई करेगा।
कई अस्पताल मिले बंद
स्वास्थ्य विभाग की टीम के निरीक्षण के दौरान चरथावल क्षेत्र में कई अस्पताल बंद पाए गए। ऐसे प्रतिष्ठानों की भी जानकारी जुटाई जा रही है।
विभागीय जांच के बाद यह स्पष्ट होगा कि किन चिकित्सा प्रतिष्ठानों के पास वैध पंजीकरण और संचालन के लिए जरूरी दस्तावेज उपलब्ध हैं तथा किनके खिलाफ आगे कार्रवाई की जाएगी।
जांच के बाद आगे भी हो सकती है कार्रवाई
स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई से चरथावल क्षेत्र में बिना आवश्यक पंजीकरण अथवा निर्धारित मानकों के विपरीत चिकित्सा प्रतिष्ठान संचालित करने वालों में हड़कंप की स्थिति है।
फिलहाल विभाग की ओर से जिन प्रतिष्ठानों को सील किया गया है, उनके संबंध में आगे की विभागीय प्रक्रिया जारी है।
नोट: किसी अस्पताल या क्लीनिक को अंतिम रूप से “फर्जी” घोषित किया जाना संबंधित विभाग की जांच और आधिकारिक रिकॉर्ड पर निर्भर करता है। इसलिए खबर में सीलिंग की कार्रवाई को तथ्य के रूप में और “फर्जी अस्पताल” के दावे को जांच के अधीन रखा गया है।