मुजफ्फरनगर। कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को स्वच्छ और सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की टीम ने चरथावल कस्बे में विशेष जांच अभियान चलाया। अभियान के दौरान खाद्य विभाग की टीम ने कई प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया और मिठाइयों सहित विभिन्न खाद्य पदार्थों के नमूने (सैंपल) लेकर उन्हें जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा। कार्रवाई के दौरान कस्बे के व्यापारियों में हलचल का माहौल देखने को मिला।
जानकारी के अनुसार, खाद्य सुरक्षा अधिकारी सचिन कुमार के नेतृत्व में विभागीय टीम ने चरथावल बस स्टैंड स्थित कोहिनूर स्वीट्स पर निरीक्षण किया। जांच के दौरान दुकान में रखी विभिन्न प्रकार की मिठाइयों के नमूने लिए गए, जिन्हें गुणवत्ता परीक्षण के लिए अधिकृत प्रयोगशाला भेजा गया है। अब जांच रिपोर्ट आने के बाद ही खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और मानकों के अनुरूप होने की पुष्टि हो सकेगी।
छापेमारी की सूचना मिलते ही कस्बे के अन्य मिठाई और खाद्य पदार्थ विक्रेताओं में भी हलचल मच गई। कई दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद कर दीं, जबकि कुछ व्यापारियों ने खाद्य सामग्री की गुणवत्ता और साफ-सफाई का विशेष ध्यान देना शुरू कर दिया। हालांकि, किसी भी दुकान के खिलाफ कार्रवाई का अंतिम निर्णय प्रयोगशाला की रिपोर्ट आने के बाद ही लिया जाएगा।
खाद्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु विभिन्न मार्गों से गुजरते हैं। ऐसे में यह सुनिश्चित करना आवश्यक है कि उन्हें शुद्ध, ताजा और सुरक्षित भोजन, मिठाइयां, फल एवं अन्य खाद्य सामग्री उपलब्ध हो। इसी उद्देश्य से जिलेभर में खाद्य प्रतिष्ठानों पर लगातार निरीक्षण और सैंपलिंग की जा रही है।
विभाग ने खाद्य कारोबारियों से अपील की है कि वे खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के सभी नियमों का पालन करें, साफ-सफाई बनाए रखें और केवल गुणवत्ता युक्त खाद्य सामग्री ही बिक्री के लिए रखें। यदि जांच में किसी भी प्रकार की मिलावट या मानकों का उल्लंघन पाया जाता है तो संबंधित प्रतिष्ठान के विरुद्ध नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
खाद्य विभाग का कहना है कि कांवड़ यात्रा समाप्त होने तक जिले के विभिन्न क्षेत्रों में निरीक्षण अभियान लगातार जारी रहेगा, ताकि श्रद्धालुओं और आम नागरिकों को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई जा सके।