मुजफ्फरनगर: बिरालसी में बस की टक्कर से गोवंश की मौत, ग्रामीणों में रोष

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मुजफ्फरनगर: बिरालसी में तेज रफ्तार बस की टक्कर से गोवंश की मौत, ग्रामीणों का हंगामा; सड़क पर घूमते बेसहारा पशुओं पर उठे सवाल

Aug 25, 2026
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रिपोर्ट: अनिल पुंडीर | NHP भारत NEWS, चरथावल

चरथावल/मुजफ्फरनगर। चरथावल थाना क्षेत्र के गांव बिरालसी में थानाभवन से मुजफ्फरनगर की ओर जा रही एक बस की टक्कर से गोवंश की मौत हो गई। घटना के बाद मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई और लोगों ने नाराजगी जताते हुए हंगामा किया। सूचना मिलने पर बिरालसी चौकी पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझा-बुझाकर स्थिति को शांत कराया।

घटना के बाद क्षेत्र में सड़कों पर घूम रहे बेसहारा गोवंश और उनसे होने वाले सड़क हादसों को लेकर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं।

शाम करीब 7:45 बजे हुआ हादसा

स्थानीय लोगों के मुताबिक, घटना बिरालसी-चरथावल मार्ग पर शाम करीब 7:45 बजे हुई। आरोप है कि तेज रफ्तार बस ने सड़क पर मौजूद गोवंश को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि गोवंश की मौके पर ही मौत हो गई।

हादसे के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। घटना से नाराज लोगों ने बस चालक को रोक लिया और पुलिस के पहुंचने तक उसे वहीं रखा।

बस यात्रियों के घायल होने का भी दावा

स्थानीय लोगों का दावा है कि अचानक हुए हादसे के दौरान बस में सवार कुछ यात्रियों को भी चोटें आईं। हालांकि कितने यात्री घायल हुए और उनकी चोटों की स्थिति क्या है, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।

पुलिस के मौके पर पहुंचने के बाद आगे की आवश्यक कार्रवाई शुरू की गई।

तीन गोशालाओं के बावजूद सड़कों पर गोवंश क्यों?

घटना के बाद ग्रामीणों ने क्षेत्र में बेसहारा गोवंश की समस्या को लेकर नाराजगी जाहिर की। उनका कहना है कि चरथावल क्षेत्र में गोशालाएं संचालित होने के बावजूद बड़ी संख्या में गोवंश सड़कों पर घूमते दिखाई देते हैं।

ग्रामीणों का दावा है कि बिरालसी से चरथावल मार्ग पर पहले भी बेसहारा पशुओं के कारण कई सड़क हादसे हो चुके हैं। ऐसे में रात के समय वाहन चालकों के लिए खतरा और बढ़ जाता है।

ग्रामीणों ने स्थायी समाधान की उठाई मांग

ग्रामीणों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से सड़कों पर घूम रहे बेसहारा गोवंश को सुरक्षित गोशालाओं तक पहुंचाने और समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की है।

लोगों का कहना है कि समय रहते प्रभावी व्यवस्था नहीं की गई तो बेसहारा पशुओं के कारण भविष्य में कोई गंभीर सड़क हादसा हो सकता है।

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