निघासन में सीएचसी के सामने की घटना, सामने आए वीडियो में कान पकड़कर माफी मांगते और उठक-बैठक करते दिखे युवक।
लखीमपुर खीरी/निघासन। निघासन कस्बे में महिलाओं पर अभद्र टिप्पणी और अश्लील भाषा का इस्तेमाल करने के आरोप में पुलिस ने चार युवकों को हिरासत में लिया। पुलिस के अनुसार, आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 296 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। इसके अलावा बीएनएसएस के तहत कार्रवाई कर उनका चालान उपजिला मजिस्ट्रेट न्यायालय भेजा गया।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने युवकों का उनके मोहल्ले में जुलूस भी निकाला। इस घटनाक्रम का वीडियो सामने आया है, जिसमें युवक कान पकड़कर माफी मांगते और उठक-बैठक करते दिखाई दे रहे हैं।
सीएचसी के सामने टिप्पणी करने की मिली थी शिकायत
पुलिस के मुताबिक, मामला निघासन कस्बे में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के सामने का है। यहां चार युवकों पर सार्वजनिक स्थान पर महिलाओं को देखकर अभद्र टिप्पणी करने और अश्लील भाषा का प्रयोग करने का आरोप है।
शिकायत मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और चारों युवकों को हिरासत में लिया। इसके बाद उनके खिलाफ कार्रवाई की गई।
पुलिस ने जारी की आरोपियों की पहचान
पुलिस ने चारों आरोपियों की पहचान करन जोशी पुत्र राकेश, सौरभ जोशी पुत्र कुन्नेलाल, रवि मिश्रा पुत्र रिंकू प्रसाद और शिव कुमार पुत्र राममनोहर के रूप में की है।
करन, सौरभ और रवि निघासन के वार्ड नंबर नौ, शास्त्रीनगर के निवासी बताए गए हैं। शिव कुमार वार्ड नंबर 11, पटेलनगर का निवासी है।
वीडियो में बोले—‘सर, दोबारा गलती नहीं होगी’
सामने आए वीडियो में पुलिस के साथ चल रहे युवक कान पकड़कर माफी मांगते नजर आते हैं। इस दौरान वे कहते दिखाई देते हैं—“सर, दोबारा गलती नहीं होगी।” वीडियो में उन्हें कान पकड़कर उठक-बैठक करते भी देखा जा सकता है।
जुलूस निकाले जाने और युवकों के माफी मांगने का यह वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में है।
मुकदमा दर्ज, न्यायालय भेजा गया चालान
पुलिस के अनुसार, सार्वजनिक स्थान पर कथित अश्लील व्यवहार और भाषा के प्रयोग के मामले में बीएनएस की धारा 296 के तहत अभियोग दर्ज किया गया है। साथ ही बीएनएसएस की धारा 170/126/135 के तहत कार्रवाई करते हुए चारों का चालान उपजिला मजिस्ट्रेट निघासन के न्यायालय भेजा गया है।
महिलाओं से अभद्रता पर कार्रवाई की चेतावनी
प्रभारी निरीक्षक गोपाल नारायण सिंह ने कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं से अभद्रता, अश्लील टिप्पणी या छेड़छाड़ की शिकायतों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसे मामलों को गंभीरता से लिया जाएगा।