ब्यूरो चीफ: राहुल द्विवेदी
कानपुर (उत्तर प्रदेश)।
कानपुर के घाटमपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) से नवजात बच्चे को कथित तौर पर चोरी कर ले जाने की कोशिश के मामले में करीब तीन महीने की जांच के बाद पुलिस ने बिजली विभाग के एक SDO को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी आरके वर्मा हमीरपुर के मौदहा क्षेत्र में बिजली विभाग में सब डिवीजन ऑफिसर के पद पर तैनात था। उसे न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है।
पुलिस का आरोप है कि SDO ने बेटे की चाहत में नवजात बच्चे को चोरी कराने की साजिश रची और इसके बदले एक एएनएम को ₹5 लाख देने का लालच दिया था। पुलिस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
10 मई को CHC से बच्चा ले जाने की हुई थी कोशिश
मामला 10 मई 2026 का बताया गया है। घाटमपुर क्षेत्र के बम्हौरी गांव निवासी किसान अवनीश की 22 वर्षीय पत्नी मंजू को प्रसव के लिए घाटमपुर CHC में भर्ती कराया गया था। उसी दिन उन्होंने एक बेटे को जन्म दिया।
पुलिस के मुताबिक, रात करीब 10 बजे एक महिला जच्चा-बच्चा वार्ड में पहुंची। आरोप है कि उसने खुद को अस्पताल की स्टाफ नर्स बताते हुए जांच के बहाने नवजात को गोद में उठा लिया और वार्ड से बाहर निकलने लगी।
मां ने मचाया शोर, गेट पर पकड़ी गई महिला
बच्चे को ले जाते देख मां को शक हुआ तो उसने शोर मचा दिया। इसके बाद पति और अस्पताल के सुरक्षाकर्मी ने महिला का पीछा किया और मुख्य गेट के पास उसे नवजात समेत पकड़ लिया।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और महिला को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। बाद में उसकी पहचान गीता देवी के रूप में सामने आने की बात कही गई।
अस्पताल की रेकी करने का भी आरोप
पुलिस जांच में महिला के घटना से पहले कई बार घाटमपुर CHC पहुंचने की बात सामने आई। आरोप है कि वह जच्चा-बच्चा वार्ड के आसपास घूमकर वहां भर्ती महिलाओं से बातचीत करती थी।
पुलिस के मुताबिक, शुरुआती पूछताछ में महिला ने अपने पते को लेकर अलग-अलग जानकारी दी। सत्यापन के बाद कथित तौर पर वे पते गलत पाए गए। इसके बाद उसके खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया गया, जबकि मामले की जांच जारी रखी गई।
तीन महीने की जांच के बाद SDO तक पहुंची पुलिस
पुलिस ने यह पता लगाने के लिए जांच जारी रखी कि नवजात को ले जाने की कथित कोशिश के पीछे कोई और व्यक्ति तो शामिल नहीं था। करीब तीन महीने बाद जांच में बिजली विभाग के SDO आरके वर्मा का नाम सामने आने का दावा किया गया।
पुलिस के अनुसार, आरके वर्मा मूल रूप से घाटमपुर क्षेत्र का रहने वाला है और उसके परिवार में दो बेटियां हैं। आरोप है कि बेटे की चाहत के चलते उसने नवजात को चोरी कराने की योजना बनाई।
₹5 लाख देने का लालच देने का आरोप
पुलिस का दावा है कि जांच में SDO द्वारा एक एएनएम को नवजात बच्चा चोरी करने के बदले ₹5 लाख देने का लालच दिए जाने की बात सामने आई है।
जांच में नाम सामने आने के बाद पुलिस ने आरके वर्मा को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
साजिश में और कौन-कौन शामिल? जांच जारी
घाटमपुर पुलिस अब कथित साजिश की पूरी कड़ी खंगाल रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि मामले में गिरफ्तार लोगों के अलावा किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका थी या नहीं।
साथ ही यह भी जांच का विषय है कि नवजात को ले जाने की कथित योजना किस तरह तैयार की गई और इसमें शामिल लोगों के बीच क्या संपर्क था।
नोट: SDO और अन्य संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध लगाए गए आरोप पुलिस जांच पर आधारित हैं। आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के बाद होगी।