Published By: रोशन केशकर Tuesday, 28 Jul 2026 9:25 AM
फतेहपुर। जनपद के किशनपुर स्थित सर्वोदय इंटर कॉलेज में बुनियादी सुविधाओं के अभाव को लेकर सोमवार सुबह छात्रों का आक्रोश खुलकर सामने आया। कॉलेज परिसर में सैकड़ों छात्र-छात्राओं ने धरना-प्रदर्शन करते हुए विद्यालय प्रशासन और संबंधित अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी की तथा जल्द से जल्द आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने कहा कि लंबे समय से समस्याओं से जूझने के बावजूद उनकी शिकायतों पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई, जिसके कारण उन्हें विरोध प्रदर्शन का रास्ता अपनाना पड़ा।
जानकारी के अनुसार, सर्वोदय इंटर कॉलेज किशनपुर क्षेत्र का प्रमुख इंटरमीडिएट शिक्षण संस्थान है, जहां विशेष रूप से आर्ट्स संकाय (Arts Side) की पढ़ाई होती है। आसपास के कई गांवों से प्रतिदिन बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं यहां शिक्षा प्राप्त करने आते हैं। छात्रों का कहना है कि कॉलेज में पर्याप्त संख्या में टेबल और कुर्सियां उपलब्ध नहीं हैं, जिसके कारण कई विद्यार्थियों को फर्श पर बैठकर पढ़ाई करनी पड़ती है। वहीं भीषण गर्मी के मौसम में अधिकांश कक्षाओं में पंखों की समुचित व्यवस्था नहीं होने से पढ़ाई करना बेहद कठिन हो गया है।
प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थियों ने आरोप लगाया कि उन्होंने कई बार विद्यालय प्रशासन और संबंधित अधिकारियों को लिखित एवं मौखिक रूप से समस्याओं से अवगत कराया, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकाला गया। छात्रों का कहना है कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तभी संभव है जब विद्यालय में न्यूनतम बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध हों। उनका कहना है कि पर्याप्त फर्नीचर, बिजली, पंखे और अन्य आवश्यक संसाधनों के अभाव में पढ़ाई प्रभावित हो रही है, जिसका सीधा असर उनकी शिक्षा और परीक्षा की तैयारी पर पड़ रहा है।
धरने के दौरान छात्रों ने मांग की कि कॉलेज में जल्द से जल्द टेबल-कुर्सियों की पर्याप्त व्यवस्था, सभी कक्षाओं में पंखों की स्थापना, स्वच्छ पेयजल, साफ-सफाई और अन्य आवश्यक शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। प्रदर्शन में शामिल विद्यार्थियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा तथा उच्च अधिकारियों तक अपनी आवाज पहुंचाई जाएगी।
मौके पर मौजूद स्थानीय लोगों ने भी छात्रों की मांगों का समर्थन करते हुए कहा कि शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए विद्यालयों में बुनियादी सुविधाओं का होना अत्यंत आवश्यक है। उनका कहना है कि ग्रामीण क्षेत्र के इस महत्वपूर्ण इंटर कॉलेज में संसाधनों की कमी दूर करने के लिए शिक्षा विभाग को तत्काल प्रभावी कदम उठाने चाहिए, ताकि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके।
फिलहाल, इस मामले में विद्यालय प्रशासन या शिक्षा विभाग की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। छात्रों और अभिभावकों को उम्मीद है कि प्रशासन उनकी समस्याओं का जल्द समाधान करेगा और कॉलेज में आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।