आगरा। शास्त्रीपुरम के व्यस्त चौराहे पर गुरुवार सुबह एक युवती पर सरेराह हमला किए जाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोप है कि ओमकार नाम के युवक ने अपने एक साथी के साथ स्कूटी सवार युवती का रास्ता रोका, गाली-गलौज और मारपीट की और इसके बाद चाकू से हमला कर दिया। हमले में घायल युवती लहूलुहान होकर सड़क पर गिर गई।
घटना के दौरान चौराहे पर बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे। पीड़िता का कहना है कि वह मदद के लिए चीखती रही, लेकिन आसपास मौजूद लोगों में से कोई तत्काल हमलावर को रोकने आगे नहीं आया। घायल युवती ने लोगों की इस बेरुखी पर सवाल उठाते हुए कहा, “मेरी जगह कल उनकी बिटिया भी हो सकती है।”
सुबह साढ़े 10 बजे व्यस्त चौराहे पर हमला
घटना सुबह करीब 10:30 बजे शास्त्रीपुरम चौराहे की बताई जा रही है। उस समय बाजार में दुकानें खुल चुकी थीं और लोग अपने कार्यालयों तथा अन्य कामों के लिए आ-जा रहे थे।
पीड़िता के मुताबिक वह स्कूटी से जा रही थी। इसी दौरान आरोपी ओमकार अपने एक साथी के साथ वहां पहुंचा। आरोप है कि बाइक आगे लगाकर युवती को रोका गया और उससे गाली-गलौज शुरू कर दी गई।
विवाद के दौरान युवती के साथ पहले लात-घूंसों से मारपीट की गई और फिर कथित तौर पर चाकू से हमला किया गया। पीड़िता का कहना है कि आरोपी का साथी बाइक स्टार्ट कर मौके पर खड़ा रहा।
मदद के लिए चीखती रही युवती
हमले के दौरान युवती ने मदद के लिए आवाज लगाई। घटनास्थल के आसपास मौजूद लोगों की भीड़ जुट गई, लेकिन पीड़िता के मुताबिक हमलावर को रोकने के लिए कोई तत्काल आगे नहीं आया।
हमले में घायल होने के बाद युवती जमीन पर गिर गई। इसके बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। राहगीरों की ओर से पुलिस की आपात सेवा 112 पर सूचना दिए जाने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची।
‘10 दिन से पीछा कर रहा था आरोपी’
घायल युवती ने आरोप लगाया कि ओमकार पेशे से पेंटर है और वह पिछले करीब 10 दिनों से उसका पीछा कर रहा था। पीड़िता के मुताबिक करीब 10 दिन पहले भी आरोपी उसके पास आया था और बात नहीं करने पर अंजाम भुगतने की कथित धमकी दी थी।
युवती का कहना है कि उसने इस बारे में अपने परिवार को नहीं बताया था। उसे डर था कि घटना की जानकारी मिलने पर परिजन उसका कॉलेज और कंपनी जाना बंद करा सकते हैं।
पीड़िता के अनुसार उसकी करीब एक महीने पहले ही नौकरी लगी थी। उसने दावा किया कि आरोपी लगातार उसका पीछा कर रहा था, लेकिन उसे अंदाजा नहीं था कि वह उस पर हमला कर देगा।
हत्या के प्रयास में मुकदमा दर्ज
मामले में पुलिस ने हत्या के प्रयास की धारा में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। परिजनों की ओर से दी गई शिकायत में एक आरोपी का नाम दर्ज कराया गया है।
हालांकि पीड़िता ने मीडिया से बातचीत में दावा किया है कि घटना के समय मुख्य आरोपी के साथ एक अन्य युवक भी मौजूद था। पुलिस अब घटना से जुड़े तथ्यों और दूसरे युवक की कथित भूमिका की जांच कर रही है।
एंटी रोमियो टीम की सक्रियता पर परिजनों ने उठाए सवाल
घटना के बाद पीड़िता के परिजनों ने पुलिस की एंटी रोमियो टीम की सक्रियता को लेकर भी सवाल उठाए हैं। परिजनों का कहना है कि यदि मौके पर पुलिस मौजूद होती तो हमलावर को तत्काल पकड़ा जा सकता था।
स्कूल-कॉलेज, बाजार और सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं तथा छात्राओं की सुरक्षा के लिए एंटी रोमियो टीमों द्वारा गश्त और कार्रवाई की जाती है। घटना के बाद क्षेत्र में ऐसी टीमों की सक्रियता को लेकर भी सवाल खड़े हुए हैं।
भीड़ की चुप्पी पर पीड़िता का सवाल
इस पूरी घटना में पीड़िता का वह बयान भी सामने आया है, जिसमें उसने घटनास्थल पर मौजूद लोगों से मदद नहीं मिलने पर निराशा जताई।
उसका कहना था कि अगर किसी दूसरे परिवार की बेटी के साथ ऐसी घटना होती तो स्थिति कितनी भयावह होती। पीड़िता का बयान सार्वजनिक स्थानों पर किसी व्यक्ति पर हमला होने की स्थिति में तत्काल पुलिस को सूचना देने और सुरक्षित तरीके से मदद उपलब्ध कराने की सामाजिक जिम्मेदारी पर भी सवाल खड़ा करता है।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। आरोपी की भूमिका, उसके साथ कथित तौर पर मौजूद दूसरे युवक और घटना के पूरे घटनाक्रम की अंतिम स्थिति पुलिस जांच के बाद स्पष्ट होगी।