आगरा के डौकी थाना क्षेत्र में वर्ष 2013 में हुए चर्चित हत्याकांड में अदालत ने 13 वर्ष बाद बड़ा फैसला सुनाते हुए चारों दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने सभी दोषियों पर ₹10-10 हजार का अर्थदंड भी लगाया है। इस फैसले को मृतक के परिजनों के लिए न्याय की बड़ी जीत माना जा रहा है।
मामला डौकी थाना क्षेत्र के टिकैतपुरा गांव का है, जहां वर्ष 2013 में पुरानी रंजिश के चलते एक व्यक्ति को खेत पर बुलाकर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। घटना के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की थी और साक्ष्यों के आधार पर चार आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया गया था।
लंबी न्यायिक प्रक्रिया के बाद अदालत ने सभी साक्ष्यों, गवाहों के बयान और अभियोजन पक्ष की दलीलों को सही मानते हुए चारों आरोपियों को हत्या का दोषी करार दिया। न्यायालय ने प्रत्येक दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाने के साथ ₹10-10 हजार का जुर्माना भी लगाया।
इस मामले में उत्तर प्रदेश पुलिस के ऑपरेशन कन्विक्शन अभियान की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही। अभियोजन पक्ष और पुलिस ने मजबूत पैरवी करते हुए साक्ष्यों को प्रभावी ढंग से अदालत के समक्ष प्रस्तुत किया, जिसके चलते वर्षों पुराने इस हत्याकांड में दोषियों को सजा दिलाई जा सकी।
मृतक के परिजनों ने अदालत के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि वर्षों के लंबे इंतजार के बाद उन्हें न्याय मिला है। वहीं पुलिस अधिकारियों ने इसे ऑपरेशन कन्विक्शन की बड़ी सफलता बताते हुए कहा कि गंभीर अपराधों में दोषियों को सजा दिलाने के लिए अभियान लगातार जारी रहेगा।
यह फैसला उन मामलों में भी एक महत्वपूर्ण उदाहरण माना जा रहा है, जिनमें वर्षों बाद भी मजबूत जांच, प्रभावी पैरवी और ठोस साक्ष्यों के आधार पर दोषियों को कानून के दायरे में लाया जा सकता है।