फतेहपुर सीकरी में जनसभा एवं सम्मान समारोह का आयोजन; राष्ट्रीय अध्यक्ष अनिल चौधरी और ममता सहगल ने सामाजिक एकजुटता पर दिया जोर।
आगरा/फतेहपुर सीकरी। राष्ट्रीय हिंदू फ्रंट की ओर से फतेहपुर सीकरी क्षेत्र में आयोजित महापंचायत एवं सम्मान समारोह में लोनी विधायक नंदकिशोर गुर्जर ने कैराना सांसद इकरा हसन को लेकर विवादित बयान दिया। उन्होंने इकरा हसन के गुर्जर समाज से जुड़ाव का उल्लेख करते हुए उन्हें हिंदू गुर्जर से विवाह करने की चुनौती दी और इसे भाईचारे से जोड़ा।
कार्यक्रम में संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष अनिल चौधरी मुख्य अतिथि और नंदकिशोर गुर्जर विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए। आयोजकों के अनुसार, जनसभा में बड़ी संख्या में पदाधिकारी, कार्यकर्ता और स्थानीय लोग पहुंचे।
दीप प्रज्वलन से हुआ शुभारंभ
कार्यक्रम की शुरुआत भगवान श्रीकृष्ण की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलन के साथ हुई। संगठन की राष्ट्रीय संयोजिका ममता सहगल ने दीप प्रज्वलित किया। कार्यक्रम का संचालन वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी भोज कुमार फौजी ने किया।
इस दौरान अतिथियों, बुजुर्गों, महिलाओं, स्थानीय पत्रकारों और संगठन के कार्यकर्ताओं को शॉल, साफा एवं मालाएं पहनाकर सम्मानित किया गया। सभा में सामाजिक एकजुटता से जुड़े नारे और धार्मिक जयकारे लगाए गए।
इकरा हसन के विवाह को लेकर विधायक का बयान
अपने संबोधन में नंदकिशोर गुर्जर ने कैराना सांसद इकरा हसन पर दिए गए अपने पूर्व बयान का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि यदि इकरा हसन स्वयं को गुर्जर समाज की बेटी मानती हैं, तो उन्हें हिंदू गुर्जर से विवाह करके भाईचारे की मिसाल प्रस्तुत करनी चाहिए।
विधायक ने अपने बयान में इकरा हसन पर कथित धार्मिक कट्टरता के आरोपों का भी जिक्र किया। ये आरोप उनके संबोधन का हिस्सा हैं; उपलब्ध जानकारी में इनके समर्थन में कोई स्वतंत्र प्रमाण प्रस्तुत नहीं किया गया है। इस बयान पर सभा में मौजूद कुछ लोगों ने तालियां बजाईं और नारे लगाए।
इस संबंध में इकरा हसन की प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं है।
ममता सहगल ने साझा किए कश्मीर से विस्थापन के अनुभव
राष्ट्रीय संयोजिका ममता सहगल ने अपने संबोधन में कश्मीर से विस्थापन के दौरान झेली परिस्थितियों का उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि उस समय उनके परिवार को सुरक्षा और सम्मान को लेकर गंभीर आशंकाओं का सामना करना पड़ा था।
अपने अनुभव साझा करते हुए उन्होंने समाज से एकजुट रहने और संकट में एक-दूसरे की सहायता करने की अपील की।
अनिल चौधरी ने राष्ट्रप्रेम और एकजुटता पर दिया जोर
राष्ट्रीय अध्यक्ष अनिल चौधरी ने अपने संबोधन में भगवान श्रीराम, भगवान श्रीकृष्ण, डॉ. भीमराव आंबेडकर, महाराजा सूरजमल, महाराणा प्रताप, रानी अवंतीबाई लोधी, भगवान परशुराम और महाराजा अग्रसेन का उल्लेख किया।
उन्होंने राष्ट्रीय ध्वज और राष्ट्रगान के सम्मान पर जोर दिया तथा देश के विभाजन की बात करने वाली सोच का विरोध किया। उन्होंने कार्यकर्ताओं से संगठन के माध्यम से समाज को जोड़ने का आह्वान किया।
महिलाओं की सुरक्षा का मुद्दा भी उठाया गया
कार्यक्रम का संचालन कर रहे भोज कुमार फौजी ने अपने संबोधन में कट्टरवाद और महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े मुद्दे उठाए। उन्होंने यौन शोषण तथा ब्लैकमेलिंग की घटनाओं के खिलाफ धार्मिक और सामाजिक नेतृत्व से स्पष्ट विरोध करने की मांग की।
उन्होंने कोटा से जुड़े एक कथित प्रकरण का भी उल्लेख किया। हालांकि, उनके संबोधन में बताए गए वीडियो की संख्या और प्रकरण के विवरण की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है।
संगठन के पदाधिकारी और कार्यकर्ता रहे मौजूद
कार्यक्रम में जिलाध्यक्ष सुदामा सिंह छौंकर, शहर अध्यक्ष सीपी गुप्ता, जयवीर सोलंकी, बाबूलाल सोलंकी, शांतनू चौधरी, हरिओम गुर्जर, जोगी गुर्जर, प्रमोद गुर्जर, प्रोफेसर नेत्रपाल, वैद्य वीरी सिंह कुशल, गुलाब सिंह, शशि चाहर, मुकेश शर्मा और राजेश्वर गुर्जर सहित संगठन के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।