पितृपक्ष मेला 2026 की व्यवस्थाओं की प्रभारी मंत्री ने की समी

Gaya

पितृपक्ष मेला 2026 की व्यवस्थाओं की प्रभारी मंत्री ने की समीक्षा

Oct 7, 2026
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मंत्री के अनुसार 40 लाख से अधिक तीर्थयात्री पहुंचे; सुरक्षा रिस्ट बैंड और AI भाषा अनुवाद सुविधा से श्रद्धालुओं को मिली मदद

गया जी, 07 अक्टूबर 2026। गया जिले के प्रभारी मंत्री सह बिहार सरकार के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने बुधवार को जिला अतिथि गृह में पितृपक्ष मेला 2026 की व्यवस्थाओं की समीक्षा की। बैठक में जिलाधिकारी शशांक शुभंकर और वरीय पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार के साथ तीर्थयात्रियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं तथा प्राप्त फीडबैक पर चर्चा की गई।

प्रभारी मंत्री ने कहा कि मेला समापन की ओर है, लेकिन शेष दिनों में भी व्यवस्थाओं में किसी प्रकार की कमी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को मेला क्षेत्र का लगातार निरीक्षण करने और सुविधाओं की निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए, ताकि देश-विदेश से आने वाले तीर्थयात्रियों को कठिनाई न हो।

आवासन स्थलों पर सफाई और मूलभूत सुविधाओं की नियमित जांच

मंत्री ने तीर्थयात्रियों के लिए बनाए गए आवासन स्थलों की नियमित जांच कराने को कहा। उन्होंने निर्देश दिया कि इन स्थलों पर साफ-सफाई, पेयजल, शौचालय और अन्य मूलभूत सुविधाएं सुचारू रहें। जहां सुधार की आवश्यकता हो, वहां संबंधित विभाग तत्काल व्यवस्था बेहतर करें।

उन्होंने कहा कि मेला समाप्त होने तक तीर्थयात्रियों की सुविधा के प्रति सभी विभागों की सक्रियता बनी रहनी चाहिए।

खुले में मांस-मछली की बिक्री रोकने के निर्देश

समीक्षा के दौरान प्रभारी मंत्री ने नगर आयुक्त को शहर और मेला क्षेत्र में खुले में मांस-मछली की बिक्री पर प्रतिबंध सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि संबंधित क्षेत्रों में इस निर्देश का पालन कराया जाए।

सभी प्याऊ चालू रखने और पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने पर जोर

पेयजल व्यवस्था की समीक्षा करते हुए मंत्री ने शहर और मेला क्षेत्र में स्वच्छ पानी की उपलब्धता बेहतर करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी प्याऊ सुचारू रूप से संचालित रहें और कोई भी प्याऊ बंद नहीं होना चाहिए।

तीर्थयात्रियों की संख्या और जरूरत के अनुसार पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने तथा वितरण व्यवस्था की नियमित निगरानी करने को कहा गया।

मेला समाप्त होने तक स्वास्थ्य सेवाएं रहें सक्रिय

प्रभारी मंत्री ने कहा कि मेले के दौरान लाखों तीर्थयात्रियों को स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। उन्होंने शेष अवधि में भी स्वास्थ्य व्यवस्था पूरी तरह सक्रिय रखने और श्रद्धालुओं को निरंतर उपचार एवं आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

40 लाख से अधिक तीर्थयात्रियों के आगमन की जानकारी

विजय कुमार सिन्हा ने बताया कि इस वर्ष पितृपक्ष मेले में 40 लाख से अधिक तीर्थयात्री गया जी पहुंचे और अपने पितरों का तर्पण किया। उनके अनुसार, पिछले वर्षों की तुलना में इस बार बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं का आगमन हुआ है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार और जिला प्रशासन ने तीर्थयात्रियों की सुविधा के लिए व्यापक व्यवस्थाएं की हैं। शेष दिनों में भी इन्हें दुरुस्त रखा जाए, ताकि प्रत्येक तीर्थयात्री सुरक्षित और सुखद अनुभव के साथ घर लौट सके।

12 हजार से अधिक बच्चों और बुजुर्गों को सुरक्षा रिस्ट बैंड

मंत्री ने बताया कि इस वर्ष पहली बार बच्चों और बुजुर्गों के लिए सुरक्षा रिस्ट बैंड की व्यवस्था की गई है। उनके अनुसार, अब तक 12,000 से अधिक बच्चों और बुजुर्गों को ये बैंड पहनाए जा चुके हैं।

उन्होंने कहा कि भीड़ में परिजनों से बिछड़ने वाले बच्चों और बुजुर्गों को परिवार से मिलाने में यह व्यवस्था उपयोगी साबित हुई है।

AI भाषा अनुवाद सुविधा का 90 हजार से अधिक लोगों ने लिया लाभ

प्रभारी मंत्री के अनुसार, विभिन्न राज्यों और विदेशों से आने वाले तीर्थयात्रियों की सुविधा के लिए इस वर्ष पहली बार AI आधारित भाषा अनुवाद सेवा उपलब्ध कराई गई है। अब तक 90,000 से अधिक तीर्थयात्रियों ने इसका लाभ लिया है।

उन्होंने बताया कि स्थानीय भाषा समझने में कठिनाई का सामना करने वाले श्रद्धालुओं को इस सुविधा से अपनी भाषा में आवश्यक जानकारी प्राप्त करने में मदद मिली है।

बैठक के अंत में मंत्री ने सभी विभागों को समन्वय और तत्परता के साथ काम करने तथा मेले की शेष अवधि में सुविधाओं की निरंतर निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए।

Nitish Kumar
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Nitish Kumar
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